
जिले में पर्यावरण प्रदूषण और सड़क सुरक्षा से जुड़ा गंभीर मामला सामने आया है। एनएच-130 पर कटघोरा से अंबिकापुर मार्ग पर पेट्रोल परिवहन करने वाला वाहन (सीजी 07-सीई-6836) धुआं उगलते हुए दौड़ता रहा।
गाड़ी के साइलेंसर से इतनी मात्रा में काला धुआं निकल रहा था कि सामने से आती गाड़ियां तक दिखाई नहीं दीं। इस दौरान सड़क पर अफरा-तफरी का माहौल बना रहा और बड़े हादसे की आशंका बनी रही।

इस घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें साफ देखा जा सकता है कि सड़क पर काले धुएं का बादल छा गया था। स्थानीय लोगों ने नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि ऐसे वाहन न केवल पर्यावरण को प्रदूषित कर रहे हैं, बल्कि राहगीरों और अन्य वाहन चालकों की जान के लिए भी खतरा बने हुए हैं। अचानक धुएं के बीच फंसने पर चालक संतुलन खो सकते हैं, जिससे सड़क दुर्घटनाएं होना तय है।विशेषज्ञों का कहना है कि सरकार ने वाहनों से होने वाले प्रदूषण को रोकने के लिए कड़े नियम बनाए हैं। प्रत्येक वाहन के लिए प्रदूषण नियंत्रण प्रमाणपत्र (PUC) होना अनिवार्य है। इसके बावजूद यदि कोई वाहन अत्यधिक धुआं छोड़ते हुए पाया जाता है, तो परिवहन विभाग को उसके खिलाफ तत्काल कार्रवाई करनी चाहिए। लोगों ने इस घटना पर चिंता जताते हुए कहा कि विभाग की लापरवाही साफ नजर आ रही है। यदि समय रहते इस तरह के वाहनों पर कार्रवाई नहीं हुई, तो सड़क दुर्घटनाओं और पर्यावरण प्रदूषण की समस्या और गंभीर हो सकती है।”